चेन्नई, तीन अप्रैल (भाषा) तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एवं द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) अध्यक्ष एम.के. स्टालिन ने लोकसभा में वक्फ संशोधन विधेयक पारित होने पर कड़ी आपत्ति जताते हुए बृहस्पतिवार को कहा कि उनकी पार्टी इस विधेयक के खिलाफ उच्चतम न्यायालय में वाद दायर करेगी।
विधेयक पारित होने के विरोध में काली पट्टी बांधकर विधानसभा पहुंचे मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिकतर दलों के विरोध के बावजूद ‘‘कुछ सहयोगियों के कहने पर’’ रात दो बजे संशोधन को अपनाना ‘‘संविधान के ढांचे पर हमला है।’’
मुख्यमंत्री ने सदन में कहा, ‘‘यह धार्मिक सद्भाव को बिगाड़ने वाला कृत्य है। इसके खिलाफ हम आज विधानसभा की कार्यवाही में काली पट्टी बांधकर भाग ले रहे हैं।’’
स्टालिन ने कहा, ‘‘मैं आपको बताना चाहता हूं कि द्रमुक की ओर से इस विवादास्पद संशोधन के खिलाफ उच्चतम न्यायालय में मामला दायर किया जाएगा। तमिलनाडु, केंद्र सरकार के कानून के खिलाफ लड़ेगा जो वक्फ बोर्ड की स्वायत्तता को नष्ट करता है और अल्पसंख्यक मुस्लिम आबादी को खतरे में डालता है।’’
उन्होंने बताया कि राज्य विधानसभा ने प्रस्तावित संशोधन के खिलाफ 27 मार्च को ही एक प्रस्ताव पारित कर दिया था क्योंकि यह अल्पसंख्यक मुस्लिम समुदाय के अलावा भारत के धार्मिक सद्भाव को गंभीर रूप से प्रभावित करने वाला है।
उन्होंने कहा कि यह बेहद निंदनीय है कि वक्फ अधिनियम में संशोधन को लोकसभा में 232 सांसदों के विरोध में वोट देने के बावजूद पारित कर दिया गया और यह कोई सामान्य संख्या नहीं है, यह संख्या बढ़ भी सकती है जबकि इसके पक्ष में केवल 288 सदस्यों ने वोट दिया।