नयी दिल्ली, 12 मार्च (भाषा) संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने बुधवार को दावा किया कि लोकसभा अध्यक्ष के पद से ओम बिरला को हटाने के लिए विपक्ष द्वारा लाए गए प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान कांग्रेस पूरी तरह से बेनकाब हो गई, क्योंकि पार्टी निचले सदन में अविश्वास प्रस्ताव पर मतदान से पहले ही “भाग गई।”
रीजीजू ने यह भी दावा किया कि उन्होंने कांग्रेस से अविश्वास प्रस्ताव न लाने का बार-बार आग्रह किया था, लेकिन कांग्रेस ने उनकी सलाह को नजरअंदाज कर दिया।
लोकसभा में ध्वनि मत से प्रस्ताव खारिज होने के बाद रीजीजू ने पत्रकारों से कहा, “लेकिन जब प्रस्ताव का समर्थन करने की बात आई, तो उन्होंने (कांग्रेस ने) भागने का रास्ता चुना। वे मतदान से डर रहे थे। ऐसा आचरण संसद के प्रति पूरी तरह अगंभीर रवैया दर्शाता है।”
मंत्री ने यह भी दावा किया कि कांग्रेस के कुछ सहयोगी दल भी मुख्य विपक्षी दल के आचरण से नाखुश थे। उन्होंने कहा, “भाजपा और उसके सहयोगी दल मतदान के लिए पूरी तरह तैयार थे। लेकिन कांग्रेस भगोड़ा साबित हुई।”