मुंबई, 10 फरवरी (भाषा) नेपाल क्रिकेट संघ के सचिव पारस खड़का ने कहा कि T20 विश्व कप मैच में इंग्लैंड के खिलाफ शानदार प्रदर्शन एक युवा क्रिकेट देश के जज्बे और पक्के इरादे की निशानी है।
नेपाल ने रविवार को वानखेड़े स्टेडियम में आखिर तक उम्मीद नहीं छोड़ी लेकिन दो बार के चैंपियन से चार रन से हारने के बावजूद आईसीसी के इस बड़े टूर्नामेंट के अपने पहले मैच में शानदार प्रदर्शन किया।
टी20 वर्ल्ड कप में सिर्फ तीसरी बार हिस्सा ले रहे नेपाल का अब यहां ग्रुप सी मैच में टूर्नामेंट में पहली बार खेल रही इटली से खेलेगा।
नेपाल के लिए 10 वनडे और 33 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाले खड़का ने यहां एक कार्यक्रम के दौरान कहा, ‘‘हमने जिस तरह का क्रिकेट खेला, हमें अपनी टीम पर भरोसा है, मुझे अपनी कोशिश पर बहुत गर्व है। हमारे लड़कों में हिम्मत और पक्का इरादा है। हमारी टीम एक युवा टीम हैं, भावनाएं इसका हिस्सा हैं। ’’
उन्होंने सोमवार को कहा, ‘‘नेपाल क्रिकेट को बेहतरीन कोच मिले हैं और अब वानखेड़े में खेलना घर जैसा लगा। हमारे करीब 17,000 समर्थक थे, लगभग हर कोई नेपाली समर्थक जैसा लग रहा था। ’’
पैनल में शामिल पूर्व भारतीय क्रिकेटर संजय मांजरेकर ने कहा कि नेपाल में स्वाभाविक रूप से लड़ने का जज्बा मौजूद है।
उन्होंने कहा, ‘‘उनमें एक अंतर्निहित लड़ने का जज्बा है, जो अफगानिस्तान में भी देखने को मिलता है। अफगानिस्तान कभी मैदान पर खुद को उभरती हुई या कमजोर टीम मानकर नहीं उतरता और न ही वह मैदान पर घबराहट महसूस करता है। ’’
उन्होंने कहा, ‘‘यह स्वाभाविक है। मैं यह कहने की हिम्मत करता हूं कि भारत भी कई वर्षों तक नर्वस रहा करता था। मैं 90 के दशक की उस टीम का हिस्सा रहा हूं, जो विदेश दौरे पर जाते समय दबाव और घबराहट महसूस करती थी। लेकिन अफगानिस्तान में यह नहीं दिखता, नेपाल में भी यह नहीं दिखता जो अच्छी शुरुआत है। ’’