महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने शनिवार को अधिकारियों से कहा कि वे उनकी पार्टी के कार्यकर्ताओं के खिलाफ ‘‘झूठी शिकायतों’’ पर ध्यान न दें और चेतावनी दी कि अगर कार्यकर्ताओं के साथ कोई अन्याय हुआ, तो उन्हें उनके गुस्से का सामना करना पड़ेगा।
उनकी यह टिप्पणियां उस समय आई जब सिंधुदुर्ग पुलिस ने शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के विधायक निलेश राणे के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की। राणे पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के एक समर्थक के घर में ‘‘अनाधिकृत तरीके से प्रवेश’’ करने का आरोप है।
राणे ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के एक समर्थक के घर पर ‘‘छापा’’ मारा और दावा किया था कि उन्हें नगर निकाय चुनाव से पहले मतदाताओं को बांटने के लिए नकदी से भरे बैग मिले।
सतारा जिले के फलटण में एक रैली को संबोधित करते हुए शिंदे ने कहा कि अन्याय करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
उपमुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘मैं अधिकारियों से कहना चाहता हूं कि कोई भी गैरकानूनी काम न करें। झूठी शिकायतों पर ध्यान न दें और अगर कोई आप पर दबाव डाल रहा है तो उसके आगे न झुकें। अगर आप हमारी पार्टी के कार्यकर्ताओं के साथ अन्याय करते हैं, तो आपको एकनाथ शिंदे के गुस्से का सामना करना होगा।’’
शिंदे ने कहा, ‘‘मुझे पता है कि कौन क्या कर रहा है। मैं चुप हूं और मुझे चुप रहने दो। मुझे सबके राज पता हैं। मैं किसी को परेशान नहीं करता, किसी को तंग नहीं करता, लेकिन अगर कोई मेरे साथ ऐसा करता है, तो मैं उसे छोड़ता भी नहीं।’’