छत्रपति संभाजीनगर, पांच फरवरी (भाषा) कोटा कार्यकर्ता मनोज जरांगे ने बुधवार को पूछा कि मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस को अपनी बेटी की इतनी अधिक परवाह है, तो वह मराठा बच्चों के लिए भी उतना ही परवाह क्यों नहीं करते और उन्हें आरक्षण क्यों नहीं दे देते।
मराठा समुदाय के लिए शिक्षा और सरकारी नौकरियों में आरक्षण की मांग को लेकर कई बार भूख हड़ताल कर चुके जरांगे ने फडणवीस के मंगलवार को दिए गए बयान का जिक्र किया।
जरांगे ने कहा कि इस बयान में फडणवीस ने कहा था कि उनकी बेटी की 10वीं कक्षा की परीक्षा खत्म होने तक उन्होंने मुंबई में मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास में स्थानांतरित होने को स्थगित कर दिया था।
यहां पत्रकारों से बातचीत में जरांगे ने कहा, ‘‘हमने कल एक पिता का अपनी बेटी के प्रति प्यार देखा…अगर उन्हें अपनी बेटी की इतनी अधिक परवाह है, तो वह मराठा समुदाय के बच्चों की परवाह क्यों नहीं करते?’’
उन्होंने कहा, ‘‘आप अपनी बेटी की खातिर महज 500 मीटर दूर दूसरे बंगले में स्थानांतरित नहीं हो रहे हैं….तो फिर आपको हमारे बच्चों की दुर्दशा क्यों नहीं दिखती जो परीक्षा में कम नंबर आने पर फंदे से लटक जाते हैं?’’
जरांगे ने कहा, ‘‘मुख्यमंत्री उन्हें आरक्षण क्यों नहीं दे देते जो उनका अधिकार है।’’
उन्होंने दावा किया धनगर समुदाय को भी आरक्षण के वादे के साथ 10 साल तक भ्रमित किया गया, लेकिन आरक्षण कभी नहीं दिया।